बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की संभावित वापसी को लेकर देश में राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं। अगस्त 2024 में सत्ता परिवर्तन के बाद भारत आईं शेख हसीना ने हाल ही में संकेत दिया है कि वह इस वर्ष के अंत तक बांग्लादेश लौटने की योजना बना रही हैं। इस बीच बांग्लादेश सरकार के एक मंत्री ने कहा है कि यदि वह लौटती हैं, तो उनके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
विदेश मामलों की राज्य मंत्री शमा ओबैद इस्लाम ने कहा कि यदि शेख हसीना बांग्लादेश लौटकर आत्मसमर्पण करती हैं, तो उनके साथ मौजूदा कानून के अनुसार कार्रवाई होगी।
उन्होंने कहा, “यदि वह आत्मसमर्पण करती हैं, तो कानून के तहत कदम उठाए जाएंगे। उन्हें जेल जाना होगा। कानून अपना काम करेगा।”
अगस्त 2024 में बांग्लादेश में छात्र आंदोलन और राजनीतिक उथल-पुथल के बीच शेख हसीना ने देश छोड़ दिया था। सत्ता परिवर्तन के बाद वह भारत आ गईं और तब से यहीं रह रही हैं।
हाल ही में शेख हसीना ने कहा कि वह अवामी लीग के निर्वासित नेताओं के साथ दिसंबर के आसपास बांग्लादेश लौटने की योजना बना रही हैं।
उन्होंने कहा कि उन्हें पता है कि वापसी पर उन्हें गिरफ्तार किया जा सकता है या उनकी जान को भी खतरा हो सकता है, लेकिन इसके बावजूद वह अपने देश लौटना चाहती हैं।
शेख हसीना ने कहा कि वह चाहती हैं कि यदि उनकी मृत्यु हो, तो वह उनकी अपनी मातृभूमि पर हो, जहां उनके माता-पिता दफन हैं।
फिलहाल शेख हसीना की वापसी की कोई आधिकारिक तारीख घोषित नहीं हुई है। यदि वह बांग्लादेश लौटती हैं, तो उनके खिलाफ होने वाली कार्रवाई वहां की न्यायिक प्रक्रिया और लागू कानूनों के अनुसार तय होगी।
